लगभग 12 वर्ष का बच्चा जिसे बुखार हो गया है।
उसके पिता ने बताया कि इसका सुबह से जी मिचला रहा है, जैसे उल्टी आएगी, और बुखार है 101°F , नहाने के लिए सामान्यतया उत्सुक रहता है , बिना नहाए नही रहता है पर,आज इसका नहाने का मन नही है, आकर मेरी गोद मे सिर रखकर लेट गया था, गोद मे सिर रखकर लेटना चाहता है, हालांकि हमे कोई काम हो तो उठने देता है।
पहले जिन बातो पर react कर देता था अब ऐसा नही कर रहा है।
मैने बच्चे से पूछा तुमको क्या परेशानी है- बोला दो दिन बाद half yearly exam शुरू हो रहे है, यदि बुखार नही उतरा तो exam कैसे दे पाऊंगा।
जैसे ही मैने प्रश्न किया उसने बहुत जल्दी से उतर दे दिया, बोल भी ऐसे रहा था जैसे जल्दबाजी मे बोल रहा हो।
जैसे ही दवा दी दूसरी डोज से पहले ही उसे उल्टी हो गई, मैने दवा देकर घर भेज दिया।
शाम को लगभग 6 बजे उसके पिता का फोन आया कि बुखार,103°F है क्या करें?
मैने उन्हें दवाई देते रहने की सलाह दी और अगली सुबह बताने को कहा।
अगली सुबह तापमान सामान्य हो गया था।
यह केस उन लोगो के लिए विस्मित करने वाला होगा जिन्होने दवाओं की पर्सनैलिटी तय कर रखी है, ऐसे लोग सपने मे भी सही दवा तक नही पहुंच पाएंगे।
इसलिए remedy picture सिर्फ रूब्रिक के अध्ययन के लिए बनाए उसके बाद उसे याद न रखें।
परामर्श करने के लिए सिर्फ सटीक रूब्रिक बनाकर बिना किसी पूर्वाग्रह से ग्रस्त हुए रिपर्टोराइजेशन मे आने वाली दवा दें
इसको मैने Arsenic Alb दी थी।
Rubrics were
Anxiety anticipation from, engagement an
Held desire to be
Answer hastily
Dullness heat during
Verry good sir
ReplyDeleteWell done 👍
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