मैने रूक कर जैसे ही उनके पास आया वे अचानक रो पडी मै एकदम थोडा घबराया कि क्या हो गया।
मैने फिर भी थोडा संयम रखकर पूछा कि कब से हो रहे है दर्द तो उन्होने बताया लगभग एक घंटे से थोडा कम समय से दर्द है, छाती मे दबाव सा बन रहा है।
मैने पूछा घर मे किसी को क्यो नही बताया तो कुछ नही बोली, मैने पूछा रोना क्यों आया तो बोली दर्द की वजह से।
फिर बोली मुझे कुछ ठीक नही लग रहा।
मैने फिर पूछा बच्चो को बुला लेती या मुझे फोन कर देती, तो भी कुछ न बोली।
रोना कुछ छण आकर ही रूक गया था।
मुझे लगा रोने से उनका मन कुछ हल्का हो गया है, पर दर्द तो बना ही हुआ था, सोचा किसी cardiologist के पास चलते है, मैने B P चेक किया 160/ 84
Pulse 80/min थी।
मैने रिपर्टोराइजेशन किया और एक दवा की चार गोली उनके मुंह मे डाल दी। 5 मिनट मे ही उनको आराम मिल गया, फिर वे स्वयं उठकर washroom गई, हालांकि थकान सी अगली सुबह तक बनी रही, उसके बाद वह भी ठीक हो गई। पर दवा देने के बाद तुरंत ही जो उनको महसूस हो रहा था कि ठीक नही लग रहा, वह सुधर गया, थोडा साहस आया छाती का दबाव भी कम हो गया
अच्छा मै तो यह सोचकर कि सो रही है वापस जा रहा रहा था, तो जैसे ही मै जाने लगा उनकी हिम्मत जो बर्दाश्त करवा रही थी वह टूट गई और रोना छूट गया
Perseverance is continuous effort against something.
बीमारी को बर्दाश्त करना भी Perseverance ही होता है, लगातार बर्दाश्त करना
सच कहूं तो मुझे केस की entry यहां समझ आई थी, जब यह समझ आया तो पीछे की बात भी समझ आ गई
Nitric Acid 30 was given to her
Rubrics taken were
Anxiety constriction from heart region in
Discouraged weeping amel
Perseverance
Quiet disposition